सोनिया गाँधी, और यु पी ए का कार्यकल , जिसे उपमा सवरूप “c ” कार्यकाल कहा जा सकता है. “c ” से congress से “c ” से corruption का ऐसे खेल खेला की सारा देश “c ” बन गया. अब इस “c ” का अर्थ पाठक स्वयम लगा लें. सोनिया के कार्यकाल में जहाँ एक और घोटेल पर घोटाले सामने आते रहे , वहीँ पूरी कांग्रेस अपने को दुध का धुला बताती रही. लूट का आलम थमने के नाम नहीं ले रहा .CWG, आदर्श, 2 जी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाला.
हम इस पुरे स्कैंडल को विस्तार से जानेंगे .
सोनिया गाँधी के बारे में यह जबरदस्त खुलासा स्विट्ज़रलैंड से हीं आया है, जहाँ दुनिया भर के बेईमान अपने हिस्से का कला धन रखते हैं. November 19, 1991, Schweizer Illustrierte , जो स्विट्ज़रलैंड की एक प्रसिद्ध पत्रिका है , ने एक खुलासा करते हुए तीसरी दुनिया के कुछ नमी -गिरामी नेताओं की सूचि जरी की थी, जिनके नाम अकूत धन स्विस बैंक के खाते में जमा था. इस सूचि में राजीव गाँधी का भी नाम था. यह पत्रिका कोई आम पत्रिका नहीं है. इस पत्रिका की लगभग 2,15,000 प्रतियाँ छपती हैं और इसके पाठकों की संख्या लगभग 9,17,000 है जो पुरे स्विट्ज़रलैंड की व्यस्क आबादी के छठा हिस्सा है. नए के जी बी रिकार्ड के खुलासे को मानें तो ” सोनिया गाँधी, जो मृत ( स्वर्गीय का इस्तेमाल ऐसे व्यक्ति के लिए कदापि न करें , जो हिन्दू न हो या जिसे हिदुत्व में आस्था न हो ) राजीव गाँधी की विधवा सोनिया गाँधी अपने अवयस्क लड़के के बदले संचालित करती हैं. इस खाते में 2.5 बिलियन स्विस फ्रैंक हैं जो लगभग 2 .2 बिलियन डॉलर हुए. यह २.२ मिलियन डॉलर का खता तब भी सक्रिय था, जब राहुल गाँधी जून १९९८ में व्यस्क हुए थे. यह कला धन, भारतीय रुपये में लगभग १०,००० करोड़ हुआ. स्विस बैंक अपने यहाँ जमा राशी को इन्वेस्ट करता है और जमाकर्ता की राशी बढती रहती है. अगर इस धन को सुरक्षित लम्बी अविधि की प्रतिभुतिओन में निवेश किया गया होता तो आज यह रकम २.२ बिलियन डॉलर से बढ़कर ९.४१ डॉलर हुई होती , जो लगभग ४२,३४५ करोड़ रुपये हुए. अगर इसे अमेरिकी शेयर बाज़ार में लगाया गया होगा तो आज यह रकम , लगभग १२.९७ बिलियन डॉलर हुई होगी यानि ५८,३६५ करोड़ रुपये. अधिक संभावना जिस बात की बनती हो , वह है की इसे मबे समय के बूंद और शेयरों में ५०:५० मेल लगया गया हो , तब भी यह राशी ११.२९ बिलियन डॉलर बनेगी., यानि ५०,३५५ करोड़ रुपये. किसी भी हालत में , वैश्विक आर्थिक मंदी ( सन २००८ ) के पहले यह राशी लगभग १८.६६ बिलियन डॉलर बनेगी ( लगभग ८३,९०० करोड़ रुपये ).
आज यह राशी ४३,००० से ज्यादा और ८४,००० करोड़ के बिच में कुछ भी हो सकती है.
आज यह राशी ४३,००० से ज्यादा और ८४,००० करोड़ के बिच में कुछ भी हो सकती है.
क्या वजह है , की जहाँ विश्व के सारे देश स्विस बैंक में जमा अवैध व् काले धन को वापस अपने देश लेन की कायावाद में जुटे हिं , वहीँ सोनिया सर्कार इस मुद्दे पर मौन है.
“कर चोरी, भ्रष्टाचार, रिश्वत और दलाली, और आपराधिक गतिविधियों ‘के माध्यम से” 1948 2008 के मध्य से भारत के लगभग 213 अरब डॉलर का अवैध वित्तीय प्रवाह में (or illegal capital flight) नुकसान हुआ है. अब यह तो बीस साल पहले के आंकड़े को केंद्र में रख कर किया गया दस्तावेज है. कांग्रेस के हालिया कार्यकालों में हुए घोटाले पर नज़र डाली जाये तो आंकड़ा दिल दहला देगा. कला धन इतना की , नोटों को जला कर अगर हर रोज खाना भी पकाया जाये , तो गाँधी परिवार २० सालों तक रोसी गैस न ख़रीदे. अब देश के प्रत्यक्ष साशानाधिश, स्वयं इतने बड़ी जवंदेही रखता हो , तो भला ऐसे सरकार से क्या उम्मीद की जा सकती है.
निष्कर्ष है कि स्विस खातों में सोनिया परिवार की संदिग्ध अरबों डॉलर के लिए धन्यवाद| कोई भी जांच प्रणाली स्वतंत्र रूप से 462 अरब डॉलर लूट की जांच नहीं कर सकती जब स्वयं गाँधी परिवार की हिस्सेदारी इतनी बड़ी हो .
चुनाव आयोग को सौंपे गए अपनी सम्पति के ब्योरे में : गांधी परिवार की कुल संपत्ति उनके चुनाव रिटर्न के अनुसार, सिर्फ ३६३ लाख रूपये , सोनिया की कोई कार नहीं है.
सोनिया ने 19 नवम्बर 2010 को कहा कि भ्रष्टाचार और लालच भारत में बढ़ रहे हैं!
राहुल 19 दिसंबर 2010 को कहा था, कि भ्रष्ट लोगों को गंभीर सजा दिया जाना चाहिए!
सोनिया ने 19 नवम्बर 2010 को कहा कि भ्रष्टाचार और लालच भारत में बढ़ रहे हैं!
राहुल 19 दिसंबर 2010 को कहा था, कि भ्रष्ट लोगों को गंभीर सजा दिया जाना चाहिए!
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